“स्वच्छ भारत से सतत भारत तक” — पी एम मोदी का नेट-ज़ीरो विज़न इंदौर को भारत का स्वच्छ ऊर्जा मॉडल बना रहा है । प्रताप करोसिया का प्रयास, विश्व भर में स्वागत।

 

जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने स्वच्छ भारत मिशन शुरू किया, तब कई लोगों ने इसे केवल सफाई अभियान के रूप में देखा।

लेकिन प्रताप करोसिया जैसे नेताओं ने इस विज़न को जमीनी स्तर पर वास्तविक सतत विकास में बदल दिया।

आज मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व और प्रताप करोसिया की क्रियान्वयन आधारित सोच के तहत इंदौर — लगातार 8वीं बार भारत का सबसे स्वच्छ शहर — अब सतत शहरी विकास का राष्ट्रीय मॉडल बनकर उभर रहा है।


क्या हुआ जब इंदौर में 9000 BPL परिवार सतत घरों में शिफ्ट हुए?

👉 “9000 BPL परिवारों को नेट-ज़ीरो आधारित जीवन मॉडल से जोड़ना हमारा लक्ष्य है।”

— प्रताप करोसिया

यह केवल सिद्धांत नहीं था।

👉 यह वास्तविक जमीनी क्रियान्वयन था।


⚙️ मुख्य बदलाव:

🔋 रूफटॉप सोलर सिस्टम

🍳 इंडक्शन आधारित स्वच्छ किचन

🚗 EV-रेडी हाउसिंग इंफ्रास्ट्रक्चर

🌱 नेट-ज़ीरो आधारित शहरी योजना


📊 प्रभाव:

🏠 9000 परिवारों का सफल परिवर्तन

🔥 LPG निर्भरता में कमी

⚡ बिजली खर्च में कमी

🌫️ स्वच्छ इनडोर हवा और बेहतर स्वास्थ्य

🌍 नेट-ज़ीरो कम्युनिटी मॉडल की ओर मजबूत कदम


🧠 सबसे बड़ा संदेश:

❌ “सतत विकास महंगा है”

👉 सच्चाई:

असतत जीवनशैली गरीबों के लिए सबसे अधिक महंगी साबित होती है।

यह पहल दर्शाती है कि:

✔️ स्वच्छ भारत मिशन

✔️ आत्मनिर्भर भारत

✔️ स्वच्छ ऊर्जा परिवर्तन

✔️ जमीनी स्तर पर नीति क्रियान्वयन

…जब एक साथ आते हैं, तब वास्तविक परिवर्तन संभव होता है।

इंदौर अब केवल भारत का सबसे स्वच्छ शहर नहीं है।

यह सतत मध्यप्रदेश और भविष्य के स्मार्ट भारतीय शहरों का ब्लूप्रिंट बन रहा है।

UNAccc Statement

UNAccc का मानना है कि इंदौर का यह सतत आवास मॉडल SDG आधारित शहरी विकास, स्वच्छ ऊर्जा, जलवायु कार्रवाई, किफायती सतत जीवन और सामाजिक गरिमा का एक प्रेरणादायक उदाहरण है।